Friday, 2 June 2017

प्रेम पनपाता है


नफरत और कड़वाहट से 
भर जायेगी ये दुनिया
अगर दुनिया से मिट जाए
एक नाम इश्क़ का
चाहे वो मेरा इश्क़ हो
चाहे वो तेरा इश्क़ हो
प्रेम पनपाता है हमेशा
एक बीज और बीज जो
पनपते ही रंग दे दुनिया को
वो खूबसूरत प्रार्थना इश्क़
इसलिए इश्क़ करो
चाहे तो मुझसे करो
या चाहे तो मैं तुमसे करू 

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